नई दिल्ली:- यमुनापार के एमएस पार्क थाना क्षेत्र में हुई दोहरी हत्या की सनसनीखेज वारदात ने एक बार फिर राजधानी की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. देर रात एक ही घर में बुजुर्ग दंपती की हत्या से पूरे इलाके में दहशत का माहौल है, जबकि लोग खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं।
शाहदरा जिला के डीसीपी प्रशांत गौतम नें बताया की बीती रात करीब 12:30 बजे की है, जब एमएस पार्क थाने में पीसीआर कॉल के जरिए सूचना मिली कि राम नगर एक्सटेंशन, शाहदरा स्थित एक मकान में कॉलर के माता-पिता बेहोश पड़े हैं और उनके मृत होने की आशंका है. सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची, जहां कॉल करने वाले वैभव बंसल ने पुलिस को बताया कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने उसके माता-पिता की हत्या कर दी है.
मकान की तीसरी मंजिल पर दो अलग-अलग कमरों में दो शव पड़े मिले. मृतकों की पहचान 65 वर्षीय पार्वेश बंसल और 75 वर्षीय वीरेंद्र कुमार बंसल के रूप में हुई है. वीरेंद्र कुमार बंसल सेवानिवृत्त शिक्षक थे, जबकि पार्वेश बंसल गृहिणी थीं. पुलिस को प्रारंभिक जांच में वीरेंद्र कुमार के चेहरे पर चोट के निशान भी मिले हैं, जिससे हत्या की आशंका और गहरी हो गई है.
घटना की गंभीरता को देखते हुए मौके पर क्राइम टीम और फॉरेंसिक साइंस लैब की टीम को बुलाया गया. टीमों ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और सबूत जुटाए. दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल की मोर्चरी में सुरक्षित रखवा दिया गया है.पुलिस का कहना है कि लूट के एंगल से भी जांच की जा रही है, हालांकि अन्य संभावनाओं को भी खारिज नहीं किया गया है.
इस दोहरे हत्याकांड ने इलाके की सुरक्षा व्यवस्था पर बड़ा प्रश्नचिह्न लगा दिया है. जिस मकान में यह वारदात हुई, वह रिहायशी क्षेत्र में स्थित है, जहां आसपास कई परिवार रहते हैं। इसके बावजूद बदमाशों का इस तरह घर में घुसकर बुजुर्ग दंपती की हत्या कर देना पुलिस गश्त और निगरानी व्यवस्था की पोल खोलता नजर आ रहा है. स्थानीय लोगों का कहना है कि रात के समय इलाके में पुलिस की मौजूदगी न के बराबर रहती है, जिसका फायदा अपराधी उठा रहे हैं.
लोगों में इस बात को लेकर भी चिंता है कि अगर बुजुर्ग दंपती अपने ही घर में सुरक्षित नहीं हैं, तो आम नागरिक खुद को कैसे सुरक्षित महसूस करे. फिलहाल पुलिस ने जांच तेज कर दी है और हर एंगल से मामले को खंगालने का दावा किया है, लेकिन इस जघन्य वारदात ने राजधानी में बढ़ते अपराध और कमजोर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर एक बार फिर बहस छेड़ दी है.
